मेवाडके महान राजा : महाराना प्रताप सिंह और महाराजा छत्रसाल की जयंती पर हार्दिक शुभकामनाऐँ ।

मई 31, 2014
आज भारत के दो महान प्रात: स्मर्णीय राजाओँ की जयंती है -- मेवाडके महान राजा : महाराना प्रताप सिंह और महाराजा छत्रसाल की जयंती पर हार्दिक शुभ...Read More

विकारों से बचने हेतु संकल्प-साधना (भगवत्पाद स्वामी श्री श्री लीलाशाहजी महाराज)।

मई 20, 2014
विकारों से बचने हेतु संकल्प-साधना (भगवत्पाद स्वामी श्री श्री लीलाशाहजी महाराज) विषय विकार साँप से विष से भी अधिक भयानक हैं, इन्हें छोटा नही...Read More

सत्संगति सदा सेवनीय।

मई 20, 2014
सत्संगति सदा सेवनीय मति कीरति गति भूति भलाई, जो जेहि जतन जहाँ लगि पाई। सो जानब सत्संग प्रभाऊ, लोक न बेद न आन ऊपाऊ।। जिसने जिस समय, जहाँ क...Read More

सीधे बैठना क्योँ आवश्यक है? (क्या है बैज्ञानिक महत्व?)

मई 20, 2014
प्रश्न:- सीधे बैठना क्योँ आवश्यक है?  उत्तर:- सीधे बैठिये, आत्मविश्वास बढ़ाइये वैज्ञानिकों का कहना है कि बैठने के ढंग का सीधा संबंध आत्मव...Read More

विद्या क्या है?

मई 20, 2014
विद्या क्या है ?                                           विद्या ददाति विनयम्। विद्या से विनय प्राप्त होता है। यदि विद्या पाकर भी अह...Read More

बहुरत्ना वसुंधरा।

मई 20, 2014
बहुरत्ना वसुंधरा मानव के जीवन में संसारी चीजों की कीमत तब तक होती है, जब तक उसको अपने जीवन के वास्तविक उद्देश्य का पता नहीं होता। जब उसे ...Read More

दो हथियार।

मई 20, 2014
दो हथियार स्वामी विज्ञानानंद नाम के एक संन्यासी थे। निर्भयता, सहजता, सरलता उनका स्वभाव था। एक बार वे हिमाचल प्रदेश के किसी गाँव में प्रवचन...Read More

हमारी मान्यता और ईश्वर।

मई 20, 2014
बुद्ध से एक व्यक्ति ने कहा, मैं ईश्वर को नहीं मानता। आपकी क्या राय है? बुद्ध बोले- तुम गलत हो। संसार में ईश्वर के अलावा कुछ और सत्य है ही न...Read More

बुद्ध और अनुयायी (सीख)

मई 20, 2014
बुद्ध और अनुयायी भगवान् बुद्ध क एक अनुयायी ने कहा , ” प्रभु ! मुझे आपसे एक निवेदन करना है .” बुद्ध: बताओ क्या कहना है ? अनुयायी: मेरे वस्त...Read More
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